150 करोड़ का बेनामी लेनदेन, शराब व माइनिंग का पैसा अफसरों को, नोटबंदी के दौरान भारी नकदी जमा, हवाला भी

 छत्तीसगढ़ में राजनीतिक और ब्यूरोक्रेसी में हलचल मचा देने वाले आयकर छापों को लेकर सोमवार को केंद्रीय वित्त मंत्रालय के केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड ने अपना पक्ष रखा है। छापों के पांच दिनों बाद बोर्ड ने माना है कि अब तक इन छापों में 150 करोड़ रुपए के लेनदेन के मामले सामने आए हैं। तलाशी के दौरान मिले सबूतों और सुरागों के बाद 150 करोड़ रुपए मिले हैं और यह आंकड़ा काफी हद तक बढ़ने की संभावना है।

इनकम टैक्स कमिश्नर व मीडिया और तकनीकी नीति तथा अधिकृत प्रवक्ता सुरभि अहलूवालिया ने एक प्रेस नोट जारी किया है। इसमें बताया गया है कि आयकर अधिकारी अभी भी खोज कार्रवाई और जांच में लगे हैं। कई बैंक लॉकरों सहित कई निषेध आदेश दिए गए हैं। 27 फरवरी से रायपुर में व्यक्तियों, हवाला डीलरों और व्यापारियों के एक समूह पर खोज शुरू की गई। विभाग के अफसरों ने छापे की कार्रवाई विश्वसनीय इनपुट्स, खुफिया और शराब और खनन व्यवसाय से बड़ी बेहिसाब नकदी के सृजन के साक्ष्य मिलने पर की।

कई अफसर भी जांच के दायरे में
सार्वजनिक सेवकों के लिए उसी के हस्तांतरण, नोटबंदी के दौरान भारी नकदी जमा, शेल कंपनियों से आवास प्रविष्टियों, अघोषित निवेश के आधार पर की गई थी। छापे में जांच के दौरान संपत्तियों की खोज के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर कुछ अन्य परिसरों को भी जांच में शामिल किया गया। खोज के दौरान जब्त किए गए दस्तावेज़ों और इलेक्ट्रॉनिक डेटा से पता चलता है कि अफसरों और अन्य लोगों को हर महीने पर्याप्त मात्रा में अवैध संतुष्टि का भुगतान किया जा रहा था।

सीएम की उपचसचिव से पूछताछ
सीबीडीटी ने पिछले 5 दिनों में 25 ठिकानों पर कार्रवाई के बाद पहली बार इस बारे में जानकारी दी। सोमवार दोपहर को आयकर विभाग की टीम मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उपसचिव सौम्या चौरसिया के भिलाई स्थित बंगले पर पहुंची। अधिकारियों ने सौम्या से पूछताछ भी की। इससे पहले टीम ने 28 फरवरी को भी उनके बंगले पर छापा मारा था, लेकिन 24 घंटे के बाद भी किसी के सामने नहीं आने पर विभाग ने बंगले को सील कर दिया था।

इनके ठिकानों हुई जांच
गौरतलब है कि केंद्रीय आयकर विभाग की टीम ने आईएएस अनिल टुटेजा, पूर्व सीएस विवेक ढांढ के रायपुर सहित अन्य जिलों के ठिकानों पर आयकर की टीम ने दबिश दी है. इनके अलावा आबकारी विभाग के ओएसडी अरुण पति त्रिपाठी के भिलाई स्थित निवास पर छापामार कार्रवाई की गई. इनके अलावा शराब कारोबारी अमोलकर सिंह भाटिया, कारोबारी गुरुचरण सिंह होरा, डॉ. ए फरिस्ता और सीए कमलेश्वर जैन, संजय संचेती, रायपुर के महापौर ढेबर, उनके भाई अनवर ढेबर सहित महापौर के होटलों पर भी कार्यवाही की जा रही है। माना जा है कि ये सभी सरकार के बेहद करीबियों में से हैं.

छत्तीसगढ़ में 27 फरवरी 2020 से जारी है कार्रवाई
आयकर की टीम ने 27 फरवरी को सुबह छत्तीसगढ़ में अफसरों, नेताओं और कारोबारियों के यहां छापे मारे थे। 13 लोगों के 25 ठिकानों पर छापे मारे गए थे। इनमें रायपुर के मेयर एजाज ढेबर, पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांड, आईएएस अनिल टुटेजा, सीए अजय सिंघवानी, होटल कारोबारी गुरुचरण सिंह होरा, मेयर के भाई अनवर ढेबर, डॉ. ए फरिश्ता, सीए संजय संचेती और सीए कमलेश जैन के नाम प्रमुख हैं। इन सभी लोगों को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का नजदीकी बताया जा रहा है। रविवार को आयकर विभाग की केंद्रीय टीम ने अधिकांश जगह जांच पूरी कर ली। हालांकि, ऑपरेशन को लीड कर रहे कुछ अफसर रायपुर में ही डेरा जमाए हुए हैं। इसके बाद राज्य की कांग्रेस सरकार ने छापों को लेकर केंद्र सरकार पर हमला शुरू किया।

चार दिन की कहानी

पहला दिन: छत्तीसगढ़ पहुंचने के आधे घंटे में 25 ठिकानों पर छापे मारे
27 फरवरी को सुबह 7.30 बजे दिल्ली से चार्टर्ड प्लेन के जरिए आयकर विभाग के 105 अफसर रायपुर पहुंचे। इनके साथ सीआरपीएफ के 200 जवान भी थे। आधे घंटे बाद ही अफसर और जवान आठ अलग-अलग टीमों में बंट गए। सुबह 8 बजे से रायपुर के महापौर एजाज ढेबर, महापौर के भाई अनवर ढेबर, पूर्व मुख्य सचिव विवेक ढांड, आईएएस अनिल टुटेजा, सीए अजय सिंघवानी, होटल कारोबारी गुरुचरण सिंह होरा, डॉ. ए फरिश्ता, सीए संजय संचेती और सीए कमलेश जैन के 25 ठिकानों पर एक साथ छापे मारे। एक टीम भिलाई पहुंची और सेक्टर-9 स्थित आबकारी विभाग के ओएसडी अरुणपति त्रिपाठी के बंगले पर छापा मारा।

टकराव: आयकर टीम की गाड़ियों पर अवैध पार्किंग की कार्रवाई
पहले दिन रात 8 बजे छत्तीसगढ़ पुलिस ने राज टॉकीज के पास खड़ी आयकर अफसरों की गाड़ियों को जैक लगाकर लॉक कर दिया। रात 12 बजे ट्रैफिक पुलिस सभी गाड़ियों को अवैध पार्किंग में खड़ा बताकर पुलिस लाइन ले गई।

दूसरा दिन: सीएम की उपसचिव के बंगले का ताला नहीं खुला
28 फरवरी को दोपहर करीब 2 बजे आयकर विभाग की टीम मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उपसचिव सौम्या चौरसिया के भिलाई स्थित सूर्या रेसिडेंसी स्थित बंगले पर पहुंची। बंगले का दरवाजा नहीं खुलने पर चाबी बनाने वाले को बुलाया गया। इसके बाद भी दरवाजा न खुलने पर टीम ने वहीं रात बिताई।

छापों के 36 घंटे बाद मुख्यमंत्री बघेल एक्टिव हुए
28 फरवरी को शाम 7:30 बजे यानी छापे शुरू होने के 36 घंटे बाद मुख्यमंत्री बघेल समेत पूरा मंत्रिमंडल राजभवन पहुंचा। वहां राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर छापों पर विरोध जताया। आयकर विभाग की कार्रवाई को असंवैधानिक बताते हुए कानूनी कार्रवाई की बात भी कही। इससे पहले भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा ने विधानसभा में आयकर विभाग की गाड़ियों को जब्त किए जाने का विरोध किया।

तीसरा दिन: 24 घंटे बाद भी सौम्या के बंगले का ताला नहीं खोल सकी टीम
24 घंटे बीत जाने के बाद भी इनकम टैक्स अफसरों की टीम उपसचिव सौम्या चौरसिया के भिलाई स्थित बंगले का दरवाजा नहीं खोल सकी। इसके बाद बंगले को सील कर दिया गया। सुबह 10 बजे भोपाल और दिल्ली से सीबीआई की टीम भी रायपुर और भिलाई पहुंचीं। दोपहर 12 बजे छापों के विरोध में कांग्रेस ने रायपुर के गांधी मैदान में प्रदर्शन शुरू किया। रायपुर के महापौर एजाज ढेबर के करीबी और पूर्व पार्षद अफरोज अंजुम के बैजनाथ पारा स्थित घर पर भी छापा मारा गया।

मुंबई से 50 अफसर बुलाए, होटल में कंट्रोल रूम बनाया
शनिवार को इनकम टैक्स के 50 अफसरों को मुंबई से बुलाया गया। एक होटल में कंट्रोल रूम बनाकर छापों में मिली जानकारी और दस्तावेज सहेजने का काम शुरू किया गया। इसके लिए टीम ने रायपुर के इनकम टैक्स कमिश्नर से 22 कम्प्यूटर, प्रिंटर और फोटोकॉपी मशीनें मांगीं।

चौथा दिन: दिल्ली पहुंचे बघेल, दोपहर में प्रेस कॉन्फ्रेंस, शाम को सोनिया से मिले
मुख्यमंत्र भूपेश बघेल रविवार को दिल्ली पहुंचे। दोपहर को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस में रणदीप सिंह सुरजेवाला और छत्तीसगढ़ के प्रभारी पीएल पुनिया ने कहा- मोदी-शाह की सरकार ने सीबीआई, इनकम टैक्स जैसे डिपार्टमेंट्स को अपना गठबंधन सहयोगी बनाया हुआ है। अब देश की रक्षा करने वाली सीआरपीएफ का भी दुरुपयोग कर रहे हैं।

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